



शहर की मानस प्रचार मंडलिया रचने जा रही है एक नया इतिहास, डेहरू माता मंदिर में हुआ पोस्टर का विमोचन
बीकानेर // संत शिरोमणि युग पुरुष व रामचरित मानस के रचियता गोस्वामी तुलसीदास जी की जयंती पर इस बार बीकानेर एक अनूठा इतिहास रचने जा रहा है। युग पुरूष तुलसीदास जी की जयंती 31 जुलाई को शहर के 41 राम मंदिरों में विभिन्न मानस प्रचार मंडलियों की ओर से सुंदरकांड के पाठ किए जाएंगे। इसमें अलग अलग साधु संतों का सानिध्य भी मिलेगा। इस मौके पर तुलसी जयंती धूमधाम के साथ मनाई जाएगी।
आयोजन से जुड़े वरिष्ठ मानस प्रेमी नरेश पुरोहित ने बताया कि शहर की तमाम मानस मंडलियों ने एक राय होकर तय किया है कि इस बार 31 जुलाई को तुलसीदास जयंती पर शाम सवा 7 से लेकर रात सवा 9 बजे तक शहर के तमाम राम मंदिरों में संगीतमयी सुंदरकांड के पाठ करेंगे। इसके उपरांत संतों के प्रवचन भी होंगे। इसके लिए मानस प्रचार मंडलियों ने अपनी अपनी तैयारियां शुरू कर दी है।
मानस प्रचार के इस अनूठे कार्यक्रम से जुड़े वरिष्ठ मानस प्रेमी नरेश पुरोहित, सीए महेंद्र चूरा व कर्मचारी नेता भंवर पुरोहित ने बताया कि तुलसीदास जी कृत रामचरित मानस हमारे जीवन का संविधान है। इसमें मनुष्य को अपना जीवन एक उद्देश्य के साथ जीने के लिए कई तरह की सीख दी गई है इसलिए इसका घर घर प्रचार करने के लिए हम लोग पूरे शहर में तुलसी जयंती पर 31 जुलाई को शहर के 41 राम मंदिरों में सुंदरकांड के पाठ करेंगे।
525 वर्ष पुराने गोगागेट के रघुनाथ मंदिर में है माता कौशल्या की मूर्ति
आयोजन से जुड़े नरेश पुरोहित ने बताया कि बीकानेर के गोगागेट क्षेत्र में स्थित एक रघुनाथ मंदिर तो 525 वर्ष पुराना है जहां पर भगवान श्रीराम की माता कौशल्या जी और माता सुमित्रा जी का विग्रह एक साथ है। इसी प्रकार शहर के जसोलाई क्षेत्र में 511वर्ष पुराना श्री रघुनाथ जी का मंदिर हैं वहीं तेलवाड़ा का रघुनाथ मंदिर भी 425 वर्ष पुराना है। इसी प्रकार चौतीना कुआं क्षेत्र में राजा रतन सिंह जी द्वारा स्थापित रघुनाथ मंदिर भी 280 वर्ष पुराना है। इन सभी मंदिरों में 31 जुलाई की शाम 7 बजे बाद संगीतमयी सुंदरकांड के पाठ आयोजित किए जाएंगे।
सभी मंदिरों में एक जैसे आरोगण के लिए समिति का गठन
आयोजन समिति के नरेश पुरोहित ने बताया कि सभी राम रघुनाथ मंदिरों में एक जैसे ही आरोगण की व्यवस्था के लिए समिति का गठन किया है। इस समिति में शिव सेवग, अजित धामू, महेन्द्र स्वामी, राजु व्यास, महेंद्र चूरा और अजय मारु सदस्य होंगे। आयोजन में महिला शक्ती भी अग्रणी भुमिका निभा रही हैं। कविता पारीक, श्रुति बागड़ी और श्रीमति चन्द कला आचार्य महिला मंडली के साथ अलग अलग मंदिरों में सुंदरकांड के पाठ करेगी। आयोजन से जुड़े भंवर पुरोहित ने बताया कि सुंदरकांड के पाठ के बाद तुलसीदास जी के जीवन पर प्रकाश हेतु संतो, विद्वतजनों के प्रवचन भी होंगे। राष्ट्रीय संत महामंडलेश्वर सरजूदासजी महाराज संतोषी माता मंदिर गंगा शहर में प्रवचन देंगे। वही विमर्शानंदजी महाराज तुलसी कुटीर में, भागवताचार्य श्री विजय शंकर व्यास तेलीवाड़ा रघुनाथ मंदिर में, पं. राजेन्द्र किराडू श्री रघुनाथ मंदिर किराडु गली में, राजेन्द्र खत्री चोतीना कुंआ, शिवनारायण जोशी सौनगिरी कुंआ के मंदिर में तो श्री जोगेंद्र श्रीमाली अग्नि शमन मुरलीधर कॉलोनी में होने वाले पाठ में तुलसीदास जी के जीवन चरित्र पर उदबोधन देंगे।
पोस्टर का हुआ विमोचन
31 जुलाई की शाम को तुलसी जयंती पर 41 राम मंदिरों में होने वाले सामूहिक सुंदरकांड पाठ के पोस्टर का विमोचन रविवार को डेहरू माता मंदिर प्रांगण में आयोजित हुआ। इस दौरान लोक अभियोजक राधेश्याम सेवग, सीए महेंद्र चूरा, कर्मचारी नेता, भंवर पुरोहित, दुर्गाशंकर हर्ष, उमेश व्यास, घनश्याम व्यास, जेठाराम पुरोहित, एडवोकेट अनिल पुरोहित, रामरतन पुरोहित, रामेश्वर पुरोहित, सत्यनारायण पुरोहित, सुरेन्द्र ओझा, गण्श पुरोहित व राजकुमार व्यास आदि मौजूद थे।



