



जिला कलेक्टर अरुण कुमार पुरोहित ने दी जानकारी
नागौर // जिले के 67 अभावग्रस्त गांवों के लिए विशेष डीसीसी की बैठक जिला कलक्टर श्रीमान अरुण कुमार पुरोहित की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक विकास जैन ने बताया कि आपदा प्रबंधन, सहायता एवं नागरिक सुरक्षा विभाग द्वारा खरीफ फसल वर्ष 2024-25 की नियमित गिरदावरी रिपोर्ट के आधार पर बाढ़ से 33 प्रतिशत व अधिक फसल खराबा होने पर राजस्थान एफेक्टेड एरियाज (सस्पेंशन ऑफ प्रोसीडिंग्स एक्ट) 1952 की धारा 3 व 4 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जिले के 67 अभावग्रस्त गांवों घोषित किए गए हैं ,जहां 33 प्रतिशत एवं इससे अधिक फसल खराबा हुआ है। उन्होंने उपस्थित सभी बैंकर्स प्रतिनिधियों से कहा कि उक्त 67 अभावग्रस्त गांवों के प्रभावित कृषकों को आरबीआई के गाइड लाइन के अनुसार मौजूदा कृषि ऋणों एवं अन्य ऋणों के पुनर्गठन और किसानों को नए ऋणों की मंजूरी के रूप में आवश्यक राहत प्रदान करेंगे। बैठक में डीडीएम नाबार्ड मोहित कुमार सहित विभिन्न बैंकों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
यह गांव अभावग्रस्त घोषित हुए
मूण्डवा तहसील के माणकपुर, कालियास, भदौरा घूंडियाडी, मेडास, जोधडास, संखवास, मोडी, खेडा धांधलावास, गोवा कलां, कंकडाय, सैनणी, दियावडी व मुन्दियाड। तहसील नागौर के बसवानी, बापोड़, भाकरोद, बरणगांव,रायधनू,शिवपुरा, पोटलिया मांजरा, चातरा मांजरा, सिणोद, बूढी, चक बूढी व कुमारी।
इसी प्रकार रियांबड़ी तहसील में शिवपुरा, रोहिसा, कीरो की ढ़ाणी, आलनियावास, सूरजगढ, कालनी कुम्हारण, रियांबडी, भगवानपुरा, भैंसडा कलां, बीजाथल, अखावास, दासावास, बासनी नत्थू, लूंगिया, जगन्नाथपुरा व रोहिसा। खींवसर तहसील के जोरावरपुरा, गुडिया, गिरावण्डी, डेहरू, लालाप, भावण्डा, चरडा, ताडावास, खोडवा, बैरावासव, हरिपुरा। इसी प्रकार डेगाना तहसील मेंपुन्दलोता, ईड़वा, केरियारावां, उदियास,खेडीचम्पा, चक देवलामादा, देवलामादा, राणास, सिरासना, चांचियावास, चिकनास, बंवरला, मोडरिया व सुन्दरी।




