वरिष्ठ कांग्रेसी नेता डूडी का निधन, पंचतत्व में हुए विलीन, नम आंखों से दी विदाई

राजनीति

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पूर्व मंत्री बीडी कल्ला सहित अनेक नेताओ ने दी श्रद्धांजलि

बीकानेर // विगत दो सालों से लगातार बीमार चल रहे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता तथा बीकानेर के पूर्व सांसद रामेश्वर डूडी का बीती रात निधन हो गया। उनके निधन का समाचार मिलते ही पूरे शहर में शोक की लहर दौड़ गई। दोपहर बाद उनका अंतिम संस्कार किया गया जहां हजारों की संख्या में लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

शनिवार दोपहर बीकानेर- नोखा रोड पर स्थित उनके खेत में उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, आरएलपी के सुप्रीमो नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल, पूर्व मंत्री डॉ बीडी कल्ला, भंवर सिंह भाटी, गोविंद चौहान, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली सहित अनेक पूर्व मंत्री पूर्व विधायक पूर्व सांसद व कांग्रेस के नेता बीकानेर पहुंचे और उन्होंने अपने नेता को श्रद्धांजलि दी।

भोर होते ही डूडी के चाहने वाले उनके निवास पर पहुंच गए और उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए। इस दौरान बीकानेर के कांग्रेस व भाजपा के नेता भी डूडी के निवास पर पहुंचे और अपने श्रद्धांजलि अर्पित की। दोपहर में डूडी का की अंतिम यात्रा उनके निवास स्थान से रवाना हुई। इस दौरान जब तक सूरज चांद रहेगा डूडी तेरा नाम रहेगा तथा रामेश्वर लाल डूडी अमर रहे जैसे नारे लगाते रहे ।भारी मात्रा में लोग अपने प्रिय नेता को श्रद्धांजलि देने नोखा रोड पहुंचे।

प्रधान से लेकर नेता प्रतिपक्ष तक रहे डूडी

कांग्रेस के कद्दावर जाट नेता रामेश्वर लाल डूडी ने अपनी राजनीति यूं तो छात्र जीवन से ही शुरू कर दी थी। मगर बाद में वह सबसे पहले नोखा पंचायत समिति के प्रधान निर्वाचित हुए। उसके बाद में बीकानेर के जिला प्रमुख भी बने और नोखा विधानसभा सीट से चुनाव जीतकर विधानसभा भी पहुंचे। इसके बाद वह 1999 से 2004 तक बीकानेर लोकसभा सीट से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव जीते और लोकसभा पहुंचे। उसके बाद डूडी एक बार फिर विधायक बने और उसे समय राजस्थान विधानसभा में कांग्रेस की तरफ से नेता प्रतिपक्ष भी चुने गए। डूडी स्पष्टवादी नेता के रूप में चर्चित रहे। कई बार कांग्रेस के खिलाफ भी बयान दे देते थे। वह अपने सिद्धांतों की राजनीति करते रहे। विगत 2 साल से वे अस्वस्थचल रहे थे तथा पिछले कई महीनो से कोमा में चले गए थे। बीते सप्ताहों ने बीकानेर शिफ्ट करने के बाद अनेक नेता उनके स्वास्थ्य की जानकारी लेने बीकानेर भी पहुंचे थे। डूडी की परंपरागत नोखा सीट से फिलहाल उनकी धर्मपत्नी सुशीला डूडी विधायक है। कांग्रेस के बड़े नेताओं ने सुशील डूडी से मुलाकात कर उन्हें ढाढस बंधाया।