पुष्करणा समाज ने किया नागौर में फक्कड़ निकाल कर होली का आगाज

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महाशिवरात्रि पर निकली शिवबरात

नागौर // महाशिवरात्रि के मौके पर नागौर के पुष्करणा ब्राह्मण समाज ने होली का शानदार आगाज किया। हर साल की भांति इस बार भी पुष्करणा समाज की ओर से शिव बारात निकाली गई जैसे स्थानीय भाषा में फक्कड़ कहते हैं। चंग की थाप पर अनेक तरह की होरिया गाई गई। इस आयोजन देखने शहर वासी उमड़ पड़े।

महाशिवरात्रि के अवसर पर स्थानीय गणेश मंदिर व नाहरसिंह भैरव लोढ़ा का चौंक से शिवबरात “फक्कङ गैर” शहर के मुख्य मार्गों से होती हुई शिवमंदिर, शिवबाङी पहुँची। तत्पश्चात बह्मपुरी ईल्लो जी से होती हुई यह शिवबरात पितीवाङा में समाज़ गैर परिवर्तित हो गई जो देर रात तक अपने सगे संबंधियों को मीठी गार का गायन करती रही। गणेश मंदिर लोढ़ा का चौंक में “महाराज गजानंद फतेह करो” के गायन के साथ समाप्त हुई।

शिव बरात “फक्कङ गैर” की जानकारी देते हुए पुष्टिकर पंचायत राजा साहब पुखराज व्यास ने बताया लगभग 350 वर्षो से चल आ रही शिव बारात व गैर परम्परा का प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी यह आयोजन धूमधाम से मनाया गया। समाज़ कार्य कारिणी सदस्य संजय कुमार व्यास ने बताया कि स्थानीय मेङता वाङी नाहर भैरव मंदिर से यह शिवबरात शाम 8:30 शुरू हुई ,जिसमें गणेश वन्दना व राजाज्ञा गायन के साथ “धुसो बाजयो रे महाराज गजैसिह को” के गायन के साथ यह शिवबरात शिवमंदिर शिवबाङी पहुँची जहाँ ‘मो पे जादू ङारा “व शिववन्दना का गायन हुआ। इस बीच सिधवियों-पोल,काठङिया चौक,हाथी चौंक में “रेखता” फक्कङ गायन व फक्कङ नृत्य ने दर्शकों को मंत्र मुग्ध कर दिया। वही बह्मपुरी ईल्लो जी के सामने रेखता व मीठी होरी गायन हुआ,जहाँ युवा वर्ग में जोश व उमंग का वातावरण हो गया। रास्ते प्रत्येक भैरव मंदिर के सामने भैरव को “लाङला भैरु” होरी का गायन हुआ। पितीवाङा पहुँचने पर यह समाज़ गैर का रूप ले लिया जहाँ पुष्करणा ब्राह्मण समाज की कोलाणी, व्यास, जोशी, आचार्य, बोहरा, पुरोहित सगे संबंधियों को होरी की गार सुनाई गई। मध्य रात्रि में रात गणेश मंदिर लोढ़ा का चौंक में फक्कङ गैर का विसर्जन हुआ।

“फक्कड़” में ये हुए शामिल

फक्कड़ यानी शिवबरात में पुष्करणा समाज नागौर के अध्यक्ष गोविन्द लाल मुथा, उपाध्यक्ष शिव प्रकाश जोशी, कार्य कारणी सदस्य विजय व्यास, ओमप्रकाश मूथा, राजेन्द्र मतङ,रमेश व्यास, ठाकुर दत व्यास, राजकुमार व्यास,अंकित मूथा,सुनील कुमार व्यास, रोहित व्यास,अशोक कल्ला, रमेश जोशी, गिरजा शंकर बोहरा, गौरी शंकर व्यास, राजेश मुथा, जितेन्द्र व्यास, अशोक मुथा, विमलेश व्यास, अरविंद बोङा,हेमंत मोहित व्यास,वीरेन्द्र पुरोहित, सुशील जोशी, जगदीश बोहरा, घनश्याम जोशी, राकेश बोङा, नारायण बोहरा, दुर्गा दत व्यास, अजय मुथा, शिवशंकर व्यास, उमाशंकर व्यास, गिरीराज व्यास, हिमाशु व्यास, विजय व्यास, विनोद व्यास, हिमाशु जोशी सहित समाज़ व अन्य गैर प्रेमी शामिल हुए।