


बीकानेर। देशभर में 27 जुलाई 2026 को गौ सम्मान आह्वान अभियान के तहत सरकार को ज्ञापन दिया जाएगा। उक्त अभियान के तहत शनिवार को गंगाशहर के सुजानदेसर स्थित रामझरोखा कैलाशधाम में संत समाज, गौभक्तों एवं तहसील स्तर पर एक प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया। प्रेसवार्ता को राष्ट्रीय संत श्री सरजूदास जी महाराज ने सम्बोधित करते हुए कहा कि गौ सम्मान अभियान आह्वान का मुख्य उद्देश्य यही है कि गौमाता को राष्ट्रमाता का दर्जा मिले, गोसेवा मंत्रालय का गठन हो तथा गौहत्या पर पूर्णत: प्रतिबंध लगे। गौहत्या बंद हो, गौमाता व नंदी को संवैधानिक मान्यता मिले, राष्ट्रमाता, राष्ट्र आराध्या अथवा राष्ट्र देव के रूप में अधिकारिक मान्यता मिले। गौवंश के संरक्षण, सम्पोषण एवं संवर्धन के लिए पशुपालन विभाग से पृथक पूर्णत: स्वतंत्र गौपालन मंत्रालय का गठन हो। गोचर भूमि संरक्षण, गोअभ्यारण्य स्थापना, नंदीशाला स्थापना, लगभग प्रत्येक 50 किमी के भीतर गौवाहिनी एम्बूलेंस एवं आपातकालीन सेवा उपलब्ध हो। पॉलिथिन पर पूर्णत: प्रतिबंध लगे सहित अनेक बिन्दुओं का ज्ञापन दिया जाएगा।
महामंडलेश्वर श्री सरजूदास जी ने बताया कि इस अभियान का प्रथम चरण 27 अप्रेल 2026 को था जिसमें तहसील स्तर पर तहसीलदार व एसडीएम के माध्यम से ज्ञापन दिए गए थे। इस बार 27 जुलाई को जिला स्तर पर तथा तीसरे चरण में राज्य स्तर पर ज्ञापन दिया जाएगा। प्रेसवार्ता को सम्बोधित करते हुए अलका बिश्नोई ने कहा कि यदि गौ-वंश की रक्षा नहीं की गई तो यह समाज और संस्कृति दोनों के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। उन्होंने कहा कि गौ-रक्षा केवल धार्मिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और राष्ट्रीय जिम्मेदारी भी है, जिसके लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा।
गौसेवी मनोज सेवग ने बताया कि 27 जुलाई 2026, सोमवार सुबह 10 बजे करणी सिंह स्टेडियम से एकत्र होकर श्रीकृष्ण नाम संकीर्तन के साथ जिला कलक्ट्रेट पर शांतिपूर्वक ज्ञापन दिया जाएगा। इस दौरान हजारों गौभक्त, संत समाज एवं श्रद्धालु शामिल रहेंगे।
प्रेसवार्ता के दौरान गौसम्मान अभियान के बैनर का विमोचन किया गया, जिसमें मोखराम धारणिया, सूरजप्रकाश राव, किशन शर्मा, श्रीगोपाल माहेश्वरी, कमल व्यास, मोहित राव, राजकुमारी पारीक, संतोष शर्मा, पुष्पा सचदेवा आदि उपस्थित रहीं।



