विजयादशमी पर संघ का पथ संचलन, घोष की धुन पर कदमताल करते निकले स्वयंसेवक

समाज

लक्ष्मीनाथ नगर की ओर से व्यास पार्क से शुरू हुआ संचलन, शहर के परकोटे के प्रमुख चौक-चौराहों से गुजरा

दुर्गाशंकर हर्ष बोले- संघ का उद्देश्य चरित्र निर्माण और समाज को एकजुट करना

बीकानेर। विजयादशमी के अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने अपना स्थापना दिवस मनाया। इस मौके पर लक्ष्मीनाथ नगर की ओर से शहर में पथ संचलन निकाला गया। व्यास पार्क से शुरू हुए संचलन में स्वयंसेवक अनुशासित कदमों के साथ घोष की धुन पर कदमताल करते हुए आगे बढ़े। शहर के प्रमुख मार्गों और परकोटे के ऐतिहासिक चौक-चौराहों से गुजरे पथ संचलन का जगह-जगह लोगों ने अवलोकन किया। इस पथ संचलन पर शहर के विभिन्न गली मोहल्ले में पुष्प वर्षा भी की गई।

कार्यक्रम में मुख्य वक्ता आरएसएस के महानगर सहसंघचालक दुर्गाशंकर हर्ष ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ अपने स्थापना के 100 वर्ष पूरे कर शताब्दी वर्ष मना रहा है। उन्होंने कहा कि 100 वर्ष पूर्व डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने संघ की स्थापना की थी। संघ का उद्देश्य व्यक्ति का चरित्र निर्माण करना और समाज में अनुशासन, सेवा तथा राष्ट्रभाव की भावना विकसित करना है। उन्होंने कहा कि देश में जब भी कोई संकट आता है, स्वयंसेवक उसके समाधान के लिए तत्परता से जुट जाते हैं। हर्ष ने समाज को एकजुट करने और सामाजिक समरसता बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि समाज की मजबूती के लिए आपसी भाईचारा, समरसता और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना जरूरी है।

इन मार्गों से गुजरा पथ संचलन

पथ संचलन व्यास पार्क से शुरू होकर पुष्करणा स्कूल, एमएम स्कूल के आगे से नत्थूसर गेट के अंदर पहुंचा। यहां से बारह गुवाड़ चौक, रत्ताणी व्यासों का चौक, सेवगो का चौक, आचार्य चौक, बड़ा बाजार, रांगड़ी चौक और आसानियों का चौक होते हुए मोहता चौक पहुंचा। इसके बाद लखोटिया चौक, डागा मोहल्ला और बीके स्कूल के पीछे से गोपीनाथ भवन होते हुए वापस व्यास पार्क पहुंचकर संपन्न हुआ।

ये रहे मौजूद

पथ संचलन में लक्ष्मीनाथ नगर संघचालक ब्रह्मदत्त आचार्य, नगर विधायक जेठानंद व्यास, विभाग कुटुंब विभाग के रामेंद्र हर्ष, महानगर से घनश्याम व्यास, महानगर बौद्धिक प्रमुख मुरारी किराडू, संपर्क प्रमुख उमेश व्यास, पूर्व पार्षद किशोर आचार्य सहित महेश व्यास, श्यामसुंदर जोशी, जयप्रकाश व्यास, मिथुन पुरोहित, विनोद सेन सहित अनेक स्वयंसेवक शामिल हुए।