


नागौर // जिला स्तरीय निष्पादन समिति की बैठक शुक्रवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिला कलक्टर अरुण कुमार पुरोहित की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में जिले के विकास, शिक्षा और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की गई। बैठक में अधिकारियों को विकास कार्यों को गति देने और जिले की रैंकिंग सुधारने के लिए निर्देश दिए गए।
जिला स्तरीय निष्पादन समिति की बैठक में जिला कलक्टर ने जिले में विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए आवश्यक प्रगति की मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, पेयजल, सामाजिक न्याय और अधिकारिता विभाग, ग्रामीण विकास विभाग आदि की विभिन्न योजनाओं और विकास कार्यों पर चर्चा की गई।
जिला कलक्टर की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में संबंधित अधिकारियों को विकास कार्यों को गति देने, योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने और शिक्षा क्षेत्र में जिले की रैंकिंग सुधारने के निर्देश दिए गए ।
बैठक में स्कूलों व आंगनबाड़ी केंद्रों को सुविधायुक्त बनाने, बालिकाओं की समस्याओं के निस्तारण के लिए गरिमा पेटी की व्यवस्था और बच्चों की समस्याओं के निस्तारण के लिए चाइल्ड हैल्पलाइन 1098 की व्यवस्था की प्रभावी मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए। जिला कलक्टर ने स्कूलों में आईसीटी लैब के लिए पर्याप्त बजट, पन्नाधाय बाल गोपाल योजना की समीक्षा एवं मिड डे मील पर चर्चा करते हुए विशेष आवश्यकता वाले बालक बालिकाओं को नजदीकी स्कूल में प्रवेश दिलवाने एवं उनके लिए आवश्यक उपकरणों के भुगतान के लिए बजट की मांग के लिए पत्र व्यवहार करने निर्देश दिए। उन्होंने रमसा के अधिकारियों को विशेष टॉयलेट के प्रस्ताव बनाकर भिजवाने, स्वयं सहायता समूह को किशोरियों तक समूह परामर्श के लिए कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में सर्वे करने एवं स्कूलों में उनसे विभिन्न समस्याओं को लेकर आवश्यक वार्तालाप करने के निर्देश दिए। जिला कलक्टर ने अपार आईडी रजिस्ट्रेशन की स्थिति जानी। इस दौरान उन्होंने राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय बरणगांव के जर्जर भवन एवं डेगाना के केजीबीवी के नवीन भवन निर्माण कार्य की जानकारी लेते हुए कार्य शीघ्रता से पूर्ण करने के निर्देश दिए। बैठक में स्टेट बजट 2024-25 के तहत स्वीकृत स्कूल भवनों को लेकर भी आवश्यक चर्चा की गई। इस दौरान जिला कलक्टर ने कहा कि शिक्षा विभाग के अधिकारी जिले में स्कूलों की जांच कर जर्जर भवनों को चिन्हित कर वहां अध्यनरत बच्चों को नजदीकी स्कूलों में बैठने की व्यवस्था करें तथा आपसी समन्वय बनाकर उनकी शिक्षा व्यवस्था बनाए रखने में पूर्ण ध्यान दें। बच्चों को जर्जर हालत में संचालित स्कूलों में किसी भी स्थिति में अध्ययन ना करवाएं। इस दौरान उन्होंने स्कूली बच्चों के आधार लिंकेज एवं जन आधार अपडेशन में आवश्यक प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को उड़ान योजना की प्रभावी मॉनिटरिंग करने तथा पिंक एवं ब्लू टैबलेट के वितरण में प्रगति लाने के निर्देश दिए। जिला कलक्टर ने जलदाय विभाग के अधिकारियों को पेयजल से वंचित स्कूलों में नल कनेक्शन करवाने एवं डिस्कॉम के अधिकारियों को हाइटेंशन लाइन हटवाने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने मुख्यमंत्री शिक्षित राजस्थान अभियान को प्रभावी बनाने एवं डिजिटल प्रवेशोत्सव के प्रथम चरण 15 अप्रैल से 16 मई तक संचालित कार्यक्रम में आवश्यक प्रगति लाने के निर्देश देते हुए शिक्षकों को आंगनबाड़ी केंद्रों का दौरा करने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने शिक्षकों द्वारा एप्प के माध्यम से उपस्थिति दर्ज करवाने की भी जानकारी ली।
उन्होंने तंबाकू मुक्त राजस्थान अभियान को लेकर जिला तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ के साथ मिलकर कार्य करने, शैक्षणिक संस्थाओं के 100 गज के दायरे में तंबाकू उत्पादन की बिक्री पर रोक लगवाने, इसे स्कूलों की आचार संहिता में लागू करने, स्कूलों के पास 100 गज के दायरे में संचालित दुकानों पर तंबाकू उत्पाद की बिक्री करने पर आवश्यक कार्रवाई करने, स्कूलों की सर्वे रिपोर्ट तैयार करने तथा तंबाकू मुक्त अभियान के पोस्टर लगाने के निर्देश दिए। बैठक में नव भारत साक्षरता कार्यक्रम पर चर्चा करते हुए उन्होंने हाउसहोल्ड सर्वे रिपोर्ट सही तरीके से भरने एवं लक्ष्य समय पर पूरा करने के निर्देश दिए।



