



सुबह कांग्रेसमय रहा निगम परिसर, दोपहर बाद भाजपाई रंग में रंगा
बीकानेर // बीकानेर नगर निगम में गुरुवार को राजनीतिक रूप से खास दिन रहा। महापौर अनिल कल्ला और उपमहापौर पंकज गहलोत ने अपने-अपने पदभार ग्रहण कर लिए। निगम के इतिहास में यह पहला मौका है, जब महापौर पद पर कांग्रेस और उपमहापौर पद पर भाजपा का प्रतिनिधित्व है। सदन की तस्वीर भी लगभग फिफ्टी-फिफ्टी है। ऐसे में दोनों दलों को साथ लेकर चलना नए बोर्ड के सामने सबसे बड़ी राजनीतिक चुनौती होगी।
निगम परिसर में भी दिनभर राजनीति के दोनों रंग बारी-बारी से नजर आए। सुबह कांग्रेसजनों का बोलबाला रहा, वहीं दोपहर बाद पूरा परिसर भाजपाई रंग में रंगा दिखाई दिया। दोनों के पदभार ग्रहण समारोह अलग-अलग हुए और समर्थक भी अलग-अलग नजर आए, लेकिन दोनों पक्षों की ओर से विकास के लिए मिलकर काम करने का संदेश दिया गया।
चुनाव तक भाजपा-कांग्रेस, अब हम जनप्रतिनिधि : कल्ला
महापौर अनिल कल्ला ने पदभार ग्रहण करने के बाद कहा कि चुनाव तक भाजपा और कांग्रेस थी, लेकिन अब हम सभी जनप्रतिनिधि हैं। शहर के विकास के लिए मिलकर काम करेंगे। जरूरत पड़ी तो सरकार से मिलेंगे और शहर के अन्य जनप्रतिनिधियों को भी साथ लेकर चलेंगे। उन्होंने साफ-सफाई को अपनी प्राथमिकता बताते हुए कहा कि शहर को स्वच्छ रखना उनकी जिम्मेदारी है और इसमें कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी।पदभार ग्रहण कार्यक्रम में पूर्व मंत्री डॉ. बीडी कल्ला, शहर कांग्रेस अध्यक्ष मदन मेघवाल, देहात कांग्रेस अध्यक्ष विशनाराम सियाग, पूर्व मंत्री गोविंद मेघवाल, पूर्व मंत्री वीरेंद्र बेनीवाल, पूर्व शहर कांग्रेस अध्यक्ष यशपाल गहलोत सहित अनेक कांग्रेस नेता और समर्थक मौजूद रहे।
गहलोत बोले- महापौर से कोई विवाद नहीं, दीपावली से पहले सफाई पर जोर
उधर उपमहापौर पंकज गहलोत ने पदभार ग्रहण करने के बाद मीडिया से बातचीत में महापौर के साथ किसी तरह के विवाद से इनकार किया। उन्होंने कहा कि उनके और महापौर के बीच कोई विवाद नहीं है। उन्होंने दीपावली से पहले शहर की साफ-सफाई, स्ट्रीट लाइट और सीवरेज जैसी समस्याओं के समाधान को प्राथमिकता बताया। इस दौरान शहर भाजपा अध्यक्ष सुमन छाजेड़, देहात अध्यक्ष श्याम पंचारिया, सुरेंद्र सिंह शेखावत, महावीर रांका, भगवान सिंह मेड़तिया, श्याम सिंह हाड़ला, पूर्व शहर जिला अध्यक्ष विजय आचार्य, पूर्व अध्यक्ष डॉ. सत्यप्रकाश आचार्य सहित अनेक भाजपा नेता मौजूद रहे।



