



बोले कल्ला— 90% काम पूरा होने के बावजूद तकनीकी अड़चनों से रुकी परियोजनाएं, समय पर कार्य होता तो गर्मियों में नहीं होती पानी की किल्लत
बीकानेर // राज्य के पूर्व जलदाय मंत्री डॉ. बीडी कल्ला ने सोमवार को जलदाय विभाग के अतिरिक्त मुख्य अभियंता एवं अधीक्षण अभियंता से मुलाकात कर पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के दौरान स्वीकृत जलदाय परियोजनाओं की प्रगति और वर्तमान स्थिति पर विस्तार से चर्चा की।
डॉ. कल्ला ने अधिकारियों को बताया कि उन्होंने एक दिन पूर्व इन परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान बीछवाल क्षेत्र में परियोजना का लगभग 90 प्रतिशत कार्य पूर्ण पाया गया, लेकिन पाइपलाइन से जुड़ी तकनीकी समस्याओं के कारण पिछले छह माह से काम बंद पड़ा है। उन्होंने कहा कि यदि यह कार्य समय पर पूरा हो जाता तो वर्तमान भीषण गर्मी में बीकानेर शहर को पानी की किल्लत का सामना नहीं करना पड़ता।
उन्होंने बताया कि दूसरी महत्वपूर्ण परियोजना का कार्य भी पिछले तीन माह से ठप पड़ा है। यह परियोजना वर्ष 2024 तक पूर्ण होनी थी, लेकिन वर्ष 2026 तक भी इसका कार्य अधूरा है।
पूर्व मंत्री डॉ. कल्ला ने अधिकारियों को याद दिलाया कि पूर्ववर्ती सरकार के दौरान 60 नए कुओं का निर्माण कराया गया था तथा पुराने कुओं को भी रिचार्ज किया गया था, लेकिन वर्तमान में उनका समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है। उन्होंने सुझाव दिया कि नहर संचालन के दौरान कुओं को बंद रखा जाए और नहरबंदी की स्थिति में इनका अधिकतम उपयोग किया जाए, ताकि बीकानेर शहर की पेयजल आवश्यकताओं को सुचारु रूप से पूरा किया जा सके।
उन्होंने यह भी कहा कि परियोजना के तहत प्रस्तावित 15 टंकियों में से केवल 7 टंकियां ही तैयार हो पाई हैं, जबकि 8 टंकियों का कार्य अब भी प्रक्रियागत स्तर पर अटका हुआ है। तैयार टंकियों को शीघ्र पाइपलाइन से जोड़कर उपयोग में लिया जाना चाहिए ताकि आमजन को राहत मिल सके।
इस दौरान डॉ. कल्ला ने जलदाय विभाग के मुख्य अभियंता (शहरी) से भी वार्ता कर परियोजनाओं में आ रही तकनीकी, प्रशासनिक एवं प्रक्रियागत कठिनाइयों पर चर्चा की तथा शीघ्र समाधान निकालने की आवश्यकता जताई।



