




बीकानेर // शिक्षा विभागीय कर्मचारी संध राजस्थान -बीकानेर के प्रदेशाध्यक्ष कमल नारायण आचार्य ने राज्यपाल, मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री, मुख्य सचिव, शिक्षा सचिव एवं शिक्षा निदेशक को ईमेल एवं रजिस्टर्ड पोस्ट द्वारा पत्र भेज कर मंत्रालयिक संवर्ग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की 2025-26 की नियमित डीपीसी एवं अन्य वर्षो की रिव्यू डीपीसी से चयनित होने पर पदस्थापन आनलाईन काउंसलिंग के माध्यम से करने की पुरजोर मांग की गई है।
आचार्य ने बताया कि आनलाईन काउंसलिंग नहीं होने से एकल महिला, विधवा, परित्यकता,द्वियांग एवं असाध्य रोग से ग्रस्ति कार्मिकों को लाभ से वंचित रखा जाता है। जिला एवं संभाग में पद उपलब्ध होने पर भी पदस्थापन दूरस्थ 300से 500 किलोमीटर कर दिया जाता है जबकि शिक्षा सेवा के प्रधानाचार्य एवं अन्य पदों पर पदोन्नति पर पदस्थापन आनलाईन काउंसलिंग से किया जा रहा है इस प्रकार एक ही विभाग में दोहरा मापदंड अपनाया जा रहा है ।
आचार्य ने बताया कि पत्र में स्पष्ट लिखा गया है कि दिनांक 24/12/2025 तक निर्णय लिया जाकर संघ को सूचित किया जावे अन्यथा सांगठनिक गतिविधियों के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
कर्मचारी नेता कमल आचार्य ने यह भी बताया कि शिक्षा निदेशक सीताराम जाट के मुख्यालय पर नहीं होने के कारण शिक्षा निदेशक के नाम का ज्ञापन शेलेन्द्र देवड़ा आर ए एस अतिरिक्त निदेशक को सौंप कर वार्ता की गई।
वार्ता में विष्णु दत्त पुरोहित प्रदेश परामर्शक भी साथ रहे। अतिरिक्त निदेशक शैलेन्द्र देवड़ा ने तत्काल ज्ञापन को पत्रावली में प्रस्तुत करने के निर्देश अंकित किया जिसे जेठूसिंह अनुभाग अधिकारी, सामान्य प्रशासन को हस्तगत कर दिया गया।



