



कलश यात्रा का पुष्प वर्षा के साथ हुआ जगह-जगह स्वागत
बीकानेर // शांतिकुंज हरिद्वार के तत्वावधान में बीकानेर के तिलक नगर क्षेत्र में आयोजित नौ कुंडीय गायत्री महायज्ञ का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। इस अवसर पर वृद्ध हनुमान मंदिर से विधिवत कलश पूजन कर यात्रा प्रारंभ की गई। यात्रा में माताएं-बहनें सिर पर 108 कलश धारण कर जन-जागरण गीत गाते हुए और “युग निर्माण जय घोष” के नारों के साथ यज्ञ में सहभागिता के लिए लोगों को आमंत्रित करती हुई आगे बढ़ीं।
कलश यात्रा वृद्ध हनुमान मंदिर से प्रारंभ होकर भक्त वत्सल हनुमान मंदिर पहुंची, जहां श्रद्धालुओं ने विश्व कल्याण की प्रार्थना की। यात्रा के दौरान लक्ष्मी, सरस्वती और मां दुर्गा की सचेतन झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। वहीं पुरुष कार्यकर्ता हाथों में विचार क्रांति अभियान की पताका लिए चलते हुए युग निर्माण के संदेश का प्रचार-प्रसार करते नजर आए।
इस अवसर पर लगभग 200 श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
यात्रा मार्ग में कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया। आसपास के लोगों में कार्यक्रम को लेकर विशेष उत्सुकता देखने को मिली और उन्हें यज्ञ में भाग लेने के लिए आमंत्रण पत्र भी वितरित किए गए।
शांतिकुंज हरिद्वार से आई टोली में गोपाल स्वामी, वीरू सिंह, दाऊजी तथा सुल्तानराम ने मंच से संचालन किया। यज्ञ आचार्य गोपाल स्वामी ने आयोजन की महत्ता बताते हुए कहा कि गायत्री महायज्ञ के माध्यम से समाज में सद्भाव, संस्कार और सकारात्मक विचारों का प्रसार होता है। कार्यक्रम को सफल बनाने में करणीदान चौधरी, प्रवीण कुमार ओझा, डॉ सोनाली सक्सेना, राधेश्याम नामा, इंजीनियर अमर सिंह वर्मा, मदनदान चारण, बलदेव सिंह राघव, जगजीत सिंह, प्रवीण, सुलतानाराम सिद्ध, सरला चौधरी, माया देवी ओझा सहित अनेक कार्यकर्ताओं का विशेष सहयोग रहा। वहीं मदनदान चारण, मधु चौधरी, सरला चौधरी और अलसीदान चारण ने लोगों को इस कार्यक्रम से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास किए।




